Page 536 Class 10th Non - Hindi Book Solution पाठ - 13 दीदी की डायरी
पाठ - 13 दीदी की डायरी
प्रश्न 1. संजु कैसी लड़की थी ? उसे किस चीज का शौक था?
उत्तर: संजु छोटी लेकिन बड़ी सयानी लड़की थी। हँसमुख स्वभाव वाली वह
चुटकुले सुनकर जोर-जोर से ठहाके मार-मार हँसती थी। उसे किताब पढ़ने का बड़ा शौक था।
प्रश्न 2. संजु को डायरी लिखने की प्रेरणा किससे मिली?
उत्तर: संजु को डायरी लिखने की प्रेरणा गाँधीजी की डायरी पढ़ने से
मिली।
प्रश्न 3. "सत्य के प्रयोग" पुस्तक के रचयिता कौन हैं?
उत्तर: "सत्य के प्रयोग" नामक पुस्तक के रचयिता महात्मा गाँधीजी
दीदी की डायरी सारांश
सारांश-संजु
वर्ग आठ में पढ़ने वाली छोटी-सी लड़की है । लेकिन बड़ी सयानी है । हँसमुख स्वभाव, चुटकुले सुन कर तो खूब हँसती है।
उसे किताब पढ़ने का बड़ा शौक हैं इसलिए उसे जन्मदिन पर या वर्ग में अच्छे नम्बर पाने
पर उपहार में उसे पुस्तक ही मिलते हैं।
एक दिन
संजु गाँधी साहित्य “सत्य के प्रयोग” पढ़ी जो गाँधीजी की डायरी में लिखा था। संजु ने सोचा वह भी डायरी
लिखेगी। संजु के माता-पिता ने भी हौसला बढ़ाया । एक डायरी लाकर संजु को दिया गया ।
अब संजु
डायरी लेखन कैसे आरम्भ करे फिर याद आया डायरी तो दीदी भी लिखती है। संजु ने डायरी लिखने
की बात दीदी से बताई । दीदी ने भी हौसला बढ़ाते हुए कहा – डायरी लिखना कोई बड़ी बात नहीं
। रात में बैठकर दिनभर की घटना को वैसी की वैसी लिख दो । बस प्रतिदिन लिखते रहना। संजु
ने दीदी से अपनी डायरी पढ़ने के लिए माँगती है।
संजु
ने दीदी के डायरी का जो भी पृष्ठ पढ़ी वह तिथि के अनुकूल सिलसिलेवार से अंकित था। यथा-4 जनवरी, 1997 तक।।